
रांची, 9 अगस्त 2026: झारखंड में झारखंड लोक सेवा आयोग (JPSC) से जुड़ा विवाद लगातार बढ़ता जा रहा है। परीक्षा में कथित अनियमितताओं को लेकर छात्रों और अभ्यर्थियों का विरोध प्रदर्शन जारी है। इसी बीच JPSC के तीनों सदस्यों ने अपने पद से इस्तीफा दे दिया है। इन इस्तीफों के बाद राज्य में भर्ती परीक्षाओं को लेकर चल रहा विवाद और गंभीर हो गया है।
रिपोर्टों के मुताबिक JPSC के सदस्य अजीता भट्टाचार्य, अनीमा हंसदा और जमाल अहमद ने इस्तीफा दिया है। यह घटनाक्रम उस समय सामने आया है जब JPSC और JSSC की भर्ती परीक्षाओं में कथित गड़बड़ियों को लेकर छात्र लगातार आंदोलन कर रहे हैं। मामले की जांच झारखंड CID द्वारा भी की जा रही है।
छात्रों की क्या है मांग?
आंदोलन कर रहे छात्र भर्ती प्रक्रिया में पारदर्शिता और कथित परीक्षा अनियमितताओं की निष्पक्ष जांच की मांग कर रहे हैं। छात्रों की प्रमुख मांगों में CBI जांच भी शामिल है। रिपोर्टों के अनुसार, छात्रों का आंदोलन कई दिनों से जारी है और सरकार के साथ बातचीत के बावजूद सभी मांगों पर सहमति नहीं बन पाई है।
सरकार ने किन परीक्षाओं को रद्द करने का फैसला लिया?
विवाद के बीच झारखंड सरकार ने 14वीं JPSC परीक्षा, JPSC Backlog 2023 और JPSC Backlog 2025 को रद्द करने का फैसला किया है। हालांकि, छात्रों द्वारा JSSC CGL परीक्षा रद्द करने की मांग को सरकार ने स्वीकार नहीं किया है। सरकार का कहना है कि CGL परीक्षा अदालत की निगरानी में आयोजित हुई थी और चयनित उम्मीदवारों में से कई पहले ही नौकरी कर रहे हैं।
आगे क्या होगा?
तीन JPSC सदस्यों के इस्तीफे और कुछ परीक्षाओं को रद्द किए जाने के बाद अब अभ्यर्थियों की नजर सरकार के अगले कदम पर है। छात्रों की ओर से आंदोलन जारी रखने और अपनी अन्य मांगों को लेकर दबाव बनाए रखने की बात कही जा रही है।
JPSC से जुड़ी नई परीक्षा तिथि, भर्ती, रिजल्ट और सरकारी फैसलों की जानकारी सामने आते ही अपडेट की जाएगी।